Chomu Violence Case: चौमूं शहर में धार्मिक स्थल पर रेलिंग लगाने को लेकर गुरुवार रात भड़के विवाद के बाद पुलिस ने सख्त कार्रवाई करते हुए शनिवार को मुख्य आरोपियों सहित 19 लोगों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने, राजकार्य में बाधा डालने और जानलेवा हमले की धाराओं में 35 नामजद सहित अन्य के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है।
शेष आरोपियों की तलाश में पुलिस की कई टीमें दबिश दे रही हैं। हालात को देखते हुए प्रशासन ने इंटरनेट सेवाएं रविवार सुबह सात बजे तक बंद रखने का निर्णय लिया था। आरएसी की कंपनियां, स्पेशल टास्क फोर्स और पुलिस बल ने चौमूं थाने से अशोक प्लाजा होकर इमाम चौक की ओर फ्लैग मार्च निकाला। फ्लैग मार्च के दौरान पुलिस ने लोगों से अपील की कि अफवाहों पर ध्यान न दें और शांति बनाए रखें।
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हालात हो रहे सामान्य
घटना के दूसरे दिन शनिवार को चौमूं शहर में हालात सामान्य होते नजर आए। बाजार खुले और लोग अपनी दिनचर्या में लौटे, हालांकि तनाव की छाया अब भी बनी रही। प्रशासन ने किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए शहर के संवेदनशील इलाकों में भारी पुलिस बल तैनात रखा।
बस स्टैंड, रावण गेट, लक्ष्मीनाथ चौक और इमाम चौक पर देर रात तक पुलिस का पहरा रहा। शनिवार को एडीसीपी राजेश गुप्ता और एसीपी (आईपीएस) उषा यादव सहित वरिष्ठ अधिकारियों की लगातार बैठकें चलीं। वहीं, शुक्रवार को हिरासत में लिए गए करीब 125 उपद्रवियों को न्यायिक मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किया गया, जिनमें से 19 लोगों को मुकदमे में गिरफ्तार किया है।



