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गीजर ब्लास्ट के पीछे की असली वजह
अधिकतर गीजर ब्लास्ट किसी तकनीकी खराबी से नहीं बल्कि छोटी-छोटी लापरवाहियों से होते हैं. सेफ्टी वाल्व का जाम हो जाना, थर्मोस्टैट का सही तरीके से काम न करना या समय पर सर्विस न कराना बड़ी वजह बन सकता है. जब गीजर में पानी का तापमान जरूरत से ज्यादा बढ़ जाता है और बाहर निकलने का रास्ता नहीं मिलता तो टैंक के फटने का खतरा पैदा हो जाता है.
बाथरूम की बंद जगह और गलत वेंटिलेशन
कई घरों में गीजर बाथरूम की ऐसी जगह लगाया जाता है जहां हवा का सही आवागमन नहीं होता. बंद और नम जगह में गीजर चलाने से गर्मी अंदर ही जमा होती रहती है. खासकर गैस गीजर के मामले में यह और भी खतरनाक साबित हो सकता है. सही वेंटिलेशन न होने पर जहरीली गैसें भी जमा हो सकती हैं जिससे जान का जोखिम बढ़ जाता है.
लंबे समय तक गीजर ऑन रखना कितनी बड़ी भूल?
सर्दियों में अक्सर लोग नहाने से पहले गीजर को लंबे समय तक चालू छोड़ देते हैं. यह आदत बेहद खतरनाक है. जरूरत से ज्यादा देर तक गीजर ऑन रहने से टैंक के अंदर प्रेशर और तापमान दोनों बढ़ते हैं. कई बार लोग नहाने के बाद भी गीजर बंद करना भूल जाते हैं जो सीधे हादसे को न्योता देने जैसा है.
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कैसे करें गीजर का सुरक्षित इस्तेमाल?
गीजर का सुरक्षित इस्तेमाल कुछ आसान सावधानियों से किया जा सकता है. समय-समय पर सर्विस कराना बेहद जरूरी है ताकि सेफ्टी वाल्व और थर्मोस्टैट सही हालत में रहें. नहाने से ठीक पहले ही गीजर चालू करें और काम खत्म होते ही बंद कर दें. बाथरूम में सही वेंटिलेशन रखें और पुराने या खराब गीजर को नजरअंदाज न करें. थोड़ी सी सावधानी अपनाकर सर्दियों में इस ‘टाइम बम’ से खुद को और अपने परिवार को सुरक्षित रखा जा सकता है.