रायपुर : छत्तीसगढ़ शासन के गृह (पुलिस) विभाग ने राज्य में बढ़ती साइबर अपराध की गतिविधियों को देखते हुए स्टेट साइबर क्राइम को-ऑर्डिनेशन सेंटर (S4C) का गठन किया है। यह सेंटर राज्य स्तर पर साइबर क्राइम से संबंधित सभी गतिविधियों के लिए सिंगल पॉइंट ऑफ कॉन्टैक्ट (SPOC) के रूप में काम करेगा। सेंटर पुलिस मुख्यालय (PHQ) की तकनीकी सेवाएं शाखा के अधीन कार्य करेगा। इस संबंध में राज्य शासन की ओर से आदेश भी जारी किया गया है. आदेश के अनुसार, S4C के अंतर्गत दो वरिष्ठ आईपीएस अधिकारियों की नई पदस्थापना की गई है।
आदेश के मुताबिक, 2008 बैच के IPS प्रशांत कुमार अग्रवाल, जो वर्तमान में पुलिस मुख्यालय छत्तीसगढ़ में पुलिस महानिरीक्षक के पद पर पदस्थ हैं, उन्हें पुलिस महानिरीक्षक, S4C, PHQ की जिम्मेदारी सौंपी गई है। वहीं 2010 बैच के IPS गिरिजा शंकर जायसवाल, जो वर्तमान में पुलिस मुख्यालय छत्तीसगढ़ में उप पुलिस महानिरीक्षक (तकनीकी सेवा) के पद पर पदस्थ हैं, उन्हें उप पुलिस महानिरीक्षक, S4C, PHQ के पद पर पदस्थ किया गया है।
साइबर अपराध पर बेहतर निगरानी होगी
राज्य सरकार ने साइबर अपराध से संबंधित बढ़ती आपराधिक गतिविधियों पर बेहतर निगरानी और प्रभावी प्रवर्तन के उद्देश्य से इस सेंटर का गठन किया है। S4C राज्य में साइबर अपराध से जुड़े मामलों और गतिविधियों के लिए समन्वय केंद्र के रूप में काम करेगा।
केंद्र में हैं I4C
Indian Cyber Crime Coordination Centre यानी भारतीय साइबर अपराध समन्वय केंद्र देश में बढ़ते साइबर अपराधों से निपटने के लिए बनाया गया है। इसका उद्देश्य केंद्र और राज्यों की पुलिस एजेंसियों के बीच साइबर अपराध की रोकथाम, जांच और कार्रवाई में बेहतर समन्वय स्थापित करना है। इसी के तर्ज पर अब राज्य में S4C का गठन किया गया है।
News Ghanti पर प्रकाशित सभी समाचार, लेख और जानकारियाँ केवल सामान्य सूचना एवं जन-जागरूकता के उद्देश्य से दी जाती हैं। हम जानकारी की सटीकता सुनिश्चित करने का प्रयास करते हैं, लेकिन इसकी पूर्णता या विश्वसनीयता की कोई गारंटी नहीं देते। वेबसाइट पर प्रकाशित विचार लेखकों के व्यक्तिगत हैं। किसी भी जानकारी के उपयोग से होने वाली हानि के लिए News Ghanti उत्तरदायी नहीं होगा।