International Women’s Day 2026 : भारत के इतिहास में कई ऐसी महिलाएं रही हैं जिन्होंने अपने साहस, प्रतिभा और मेहनत से नई मिसाल कायम की। इन महिलाओं ने ऐसे क्षेत्रों में सफलता हासिल की, जहां पहले सिर्फ पुरुषों का दबदबा माना जाता था। भारत की इन महिलाओं ने अपने साहस और मेहनत से साबित किया कि अगर हौसला मजबूत हो तो कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं होता। उनकी उपलब्धियां आज भी लाखों लोगों को प्रेरणा देती हैं और यह दिखाती हैं कि महिलाएं हर क्षेत्र में सफलता हासिल कर सकती हैं। 8 मार्च को अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस मनाया जाता है। इस मौके पर भारत की 10 ऐसी महिलाओं के बारे में जानते हैं, जिन्होंने किसी न किसी क्षेत्र में पहली महिला बनकर इतिहास रचा और आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बन गईं।
इंदिरा गांधी, भारत की पहली महिला प्रधानमंत्री
इंदिरा गांधी भारत की पहली और अब तक की सबसे प्रसिद्ध महिला प्रधानमंत्री रही हैं। उन्होंने 1966 में देश की सत्ता संभाली और कई महत्वपूर्ण फैसले लेकर भारत की राजनीति में अपनी अलग पहचान बनाई।
कल्पना चावला, अंतरिक्ष में जाने वाली पहली भारतीय महिला
कल्पना चावला अंतरिक्ष में जाने वाली पहली भारतीय मूल की महिला थीं। उन्होंने नासा के स्पेस मिशन में भाग लेकर पूरी दुनिया में भारत का नाम रोशन किया।
किरण बेदी, भारत की पहली महिला IPS अधिकारी
किरण बेदी 1972 में भारतीय पुलिस सेवा (IPS) में शामिल होने वाली पहली महिला बनीं। उन्होंने पुलिस सेवा में कई महत्वपूर्ण सुधार किए और महिलाओं के लिए नई राह खोली।
प्रतिभा पाटिल, भारत की पहली महिला राष्ट्रपति
प्रतिभा पाटिल 2007 में भारत की पहली महिला राष्ट्रपति बनीं। उनका राष्ट्रपति बनना भारतीय राजनीति में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी का बड़ा उदाहरण था।
बछेंद्री पाल, माउंट एवरेस्ट पर चढ़ने वाली पहली भारतीय महिला
बछेंद्री पाल ने 1984 में माउंट एवरेस्ट पर चढ़कर इतिहास रच दिया। उनकी इस उपलब्धि ने भारतीय महिलाओं को एडवेंचर स्पोर्ट्स में आगे बढ़ने की प्रेरणा दी।
अन्ना राजम मल्होत्रा, भारत की पहली महिला IAS अधिकारी
अन्ना राजम मल्होत्रा 1951 बैच की भारतीय प्रशासनिक सेवा की पहली महिला अधिकारी थीं। उन्होंने प्रशासनिक क्षेत्र में महिलाओं के लिए नई राह बनाई
मैरी काॅम, बॉक्सिंग में विश्व चैंपियन बनने वाली पहली भारतीय महिला
मैरी काॅम ने बॉक्सिंग की दुनिया में कई विश्व खिताब जीतकर भारत का नाम रोशन किया और महिला खिलाड़ियों के लिए नई मिसाल पेश की।
फातिमा बीवी, सुप्रीम कोर्ट की पहली महिला जज
फातिमा बीवी 1989 में भारत के सर्वोच्च न्यायालय की पहली महिला न्यायाधीश बनीं। यह भारतीय न्यायपालिका में महिलाओं की बड़ी उपलब्धि मानी जाती है।
सरोजिनी नायडू, भारत की पहली महिला राज्यपाल
सरोजिनी नायडू स्वतंत्र भारत की पहली महिला राज्यपाल बनीं। उन्हें “भारत की बुलबुल” भी कहा जाता है और वे एक प्रसिद्ध कवयित्री व स्वतंत्रता सेनानी थीं।
अरुणिमा सिन्हा, माउंट एवरेस्ट पर चढ़ने वाली पहली दिव्यांग महिला
अरुणिमा सिन्हा ने एक पैर खोने के बाद भी हार नहीं मानी और माउंट एवरेस्ट पर चढ़कर दुनिया को प्रेरित किया।


